बलवाहाट के बैजनाथपुर गांव में 11 अगस्त की रात उत्पन्न विवाद में हुई थी मारपीट
  • धरमू चौक को आक्रोशितों ने पांच घंटे जाम कर जमकर किया प्रदर्शन

सिमरी बख्तियारपुर (सहरसा) ब्रजेश भारती : सहरसा जिले के बलवाहाट ओपी क्षेत्र के बैजनाथपुर गांव में 11 अगस्त मंगलवार की रात कार का शीशा तोड़ने को लेकर उत्पन्न विवाद में हुई मारपीट में जख्मी कोचिंग संचालक गोपाल कुमार के भांजे चंदन कुमार की इलाज के दौरान पटना स्थित एक अस्पताल में मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजनों में शोक की लहर दौड़ पड़ी है।

वहीं बुधवार को पटना स्थित अस्पताल में पोस्टमार्टम उपरांत शव को गांव सरोजा लाया गया। गांव शव पहुंचते ही घटना से आक्रोशित लोगों ने बलवाहाट के धरमू चौक के समीप शव को ट्रेक्टर पर रख सड़क जाम कर रोषपूर्ण प्रदर्शन शुरू कर दिया। सुबह से शुरू हुआ सड़क जाम करीब पांच घंटे बाद समाप्त हुआ।

सुबह सुबह सड़क पर बांस बल्ले सहित टेबूल बेंच लगाकर जाम कर रखे आक्रोशित लोगों ने कहा कि बलवाहाट ओपी पुलिस पुरे मामले में उचित कार्रवाई नहीं किया है। जाम की सूचना पर पहुंचे डीएसपी इम्तियाज अहमद ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया लेकिन प्रदर्शनकारी एसपी सहरसा को जाम स्थल पर बुलाने पर अंडे रहें।

इस बीच प्रदर्शनकारियों को आक्रोशित होते देख पुलिस प्रशासन ने आसपास के थानों से पुलिस बलों को मंगा पुलिस छावनी में जाम स्थल को तब्दील कर दिया। दोपहर बाद एक बार फिर डीएसपी ने आक्रोशित लोगों से वार्ता शुरू किया। एसपी लिपि सिंह से फोन पर आरोपी पर कड़ी कार्रवाई का आश्वासन मिलने पर आक्रोशित लोग जाम को समाप्त किया गया।

यहां बताते चलें कि बलवाहाट धरमू चौक स्थित लक्ष्य कोचिंग सेंटर के संचालन गोपाल कुमार 10 अगस्त को बाजार से लौटकर अपने गांव बैजनाथपुर टोला स्थित घर के गैराज में अपनी चार चक्का गाड़ी लगा कर घर चला गया था। इसी दौरान गाड़ी का शीशा पत्थर मार तोड़ दिया गया। बताया जाता है कि शीशा तोड़ने की घटना संचालक के भांजी ने ने देखी थी।
लेकिन दुसरे दिन बैठे पंचायत में आरोपी ने साफ तौर पर शीशा तोड़ने की बात से साफ इंकार कर दिया। उसके बाद आरोपी के विरुद्ध पीड़ित ने बलवाहाट ओपी पुलिस को लिखित आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई। उधर 11 अगस्त को पीड़ित पक्ष व आरोपी पक्ष के बीच उपरोक्त मामले को लेकर तनाव बढ़ता चला गया।

मृतक चंदन व उसकी बहन दुसरे दिन खेत देखने गए हुए थे इसी दौरान बकरी चरने को लेकर दोनों पक्षों में विवाद उत्पन्न हो गया। इसी क्रम में आरोपी पक्ष के लोगों द्वारा की गई मारपीट में चंदन कुमार गंभीर रूप से जख्मी हो गया। चंदन के सिर पर तेज धारदार हथियार से हमला किया गया था। ज़ख्मी चंदन को स्थानीय स्तर पर इलाज उपरांत बेहतर इलाज के लिए पटना भेजा गया लेकिन वहां भी वह बच नहीं सका अंततः उसकी मौत इलाज के दौरान हो गई।

चुंकि मृतक चंदन कुमार अपने ननिहाल में ही रह कर पढ़ाई करता था। मैट्रिक पास कर इस बार इंटरमीडिएट में नामांकन दाखिल करवाया था। ननिहाल होने की वजह से घटना से आमजनों में काफी आक्रोशि देखा गया। अब देखने वाली बात होगी कि आरोपी कब तक सलाखों के पीछे होता है।